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Toggleअगर न होता चाँद रात में
बालस्वरूप राही
अगर न होता चाँद, रात में हमको दिशा दिखाता कौन ?
अगर न होता सूरज, दिन को सोने-सा चमकाता कौन ?
अगर न होती निर्मल नदियाँ जग की प्यास बुझाता कौन ?
अगर न होते पर्वत मीठे झरने भला बहाता कौन ?
अगर न होते पेड़, भला फिर हरियाली फैलाता कौन ?
अगर न होता फूल बताओ, खिल-खिलकर मुसकाता कौन ?
अगर न होते बादल, नभ में इंद्रधनुष रच पाता कौन ?
अगर न होते हम तो बोलो, ये सब प्रश्न उठाता कौन ?
1. अगर न होता चाँद रात में का short questions
१. हमें रात में दिशा कौन दिखता है ?
उत्तर :-हमें रात में दिशा चाँद दिखता है l
२ . सूरज क्या करता है ?
उत्तर :-सूरज दिन को सोने सा चमकता है l
३.नदियाँ क्या कम करती है ?
उत्तर :- नदियाँ जग की प्यास बुझती है l
४.संसार में हरियाली कौन फैलाता है ?
उत्तर :- संसार में हरियाली पेड़ -पोधे फैलाते है l
५.आकाश में इन्द्रधनुष कौन बनता है ?
उत्तर :-आकाश में इन्द्रधनुष बदल बनाते है l
६ . इस कविता के कवि का नाम क्या है ?
उत्तर :-इस कविता के कवि का नाम बालस्वरूप राही है l
2. अगर न होता चाँद रात में का short questions
१. सूरज किस तरह दिन को चमकाता है ?
उत्तर :-सूरज सोने सा दिन को चमकाता है l
२.पेड़ हमारी कौन कौन सी भलाई करता है ?
उत्तर :-पेड़ हमे फल ,फूल ,लकड़ी ,ऑक्सीजन ,छाया अदि दे कर भलाई करता है l
३.बदल धरती पर क्या बरसते है ?
उत्तर :-बदल धरती पर जल बरसते है l
४ .हम कहने का अर्थ क्या है ? हम का सम्बन्ध किससे है ?
उत्तर :-हम कहने का अर्थ है हम सब देश के लोग l हम का सम्बन्ध देश वासियों से है l
५. सूरज ,चाँद ,नदियाँ ,और पेड़ सभी हमारी सहायता किस तरह करते हैं ?
उत्तर :-सूरज दिन को सोने से चमका कर ,चाँद रह दिखा कर , नदियाँ प्यास बुझा कर ,पेड़ हरयाली फैला कर हमारी सहता करता है l
3.” अगर न होता चाँद रात में”का fill in the blanks
१ .सूरज दिन को सोने जेसा चमकता है l
२. नदियाँ हमारी प्यास बुझती है l
३.झरनों का पानी मीठा होता है l
४ .नभ में इन्द्रधनुष दिखाई देता है l
4.अगर न होता चाँद रात में”का सही /गलत
१२. सही कथन के सामने (√) और गलत के सामने (x) का चिह्न लगाओ।
१.सूरज गर्मी नही देता है l ( x )
२. चन्द्रमा सूरज की रौशनी से चमकता है l ( √ )
३.नदियाँ हमारी प्यास नही बुझती है l ( x )
४ .पेड़ पोधों के कारण धरती पर हरियाली है l ( √ )

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Buy Nowपेड़ हमे फल ,फूल ,लकड़ी ,ऑक्सीजन ,छाया अदि दे कर भलाई करता है l
हम कहने का अर्थ है हम सब देश के लोग l हम का सम्बन्ध देश वासियों से है l
सूरज दिन को सोने से चमका कर ,चाँद रह दिखा कर , नदियाँ प्यास बुझा कर ,पेड़ हरयाली फैला कर हमारी सहता करता है l
१.१. इन्द्रधनुष कैसा होता है?
उत्तर: इन्द्रधनुष बहुत सुंदर, मनोहर और चमकीला होता है।
१.२. इन्द्रधनुष में कौन-कौन से रंग होते हैं?
उत्तर: इन्द्रधनुष में सात रंग होते हैं — लाल, नारंगी, पीला, हरा, आसमानी, नीला और बैंगनी।
१.३. इन्द्रधनुष छाते ही आकाश की छटा कैसी लगती है?
उत्तर: इन्द्रधनुष छाते ही आकाश बहुत सुंदर और रंग-बिरंगा दिखाई देता है।
१.६. इन्द्रधनुष कैसे बनता है?
उत्तर: इन्द्रधनुष सूर्य की किरणों के पानी की बूंदों में पड़ने से बनता है।
१.७. इन्द्रधनुष को देखते ही तुम्हारा मन किससे भर जाता है?
उत्तर: इन्द्रधनुष को देखते ही मेरा मन खुशी और आनंद से भर जाता है।
वर्ण विच्छेद
- मनोहर = म + नो + हर
- रूप = रू + प
- चमकीला = च + म + की + ला
- अद्भुत = अ + द्भु + त
शब्द ‘मनहर’ से नए शब्द
म → मन, माला
न → नमक, नदी
ह → हवा, हाथ
र → रथ, रंग
वाक्य बनाओ
रंग: इन्द्रधनुष में सात रंग होते हैं।
अजब: यह एक अजब प्राकृतिक दृश्य है।
इन्द्रधनुष: बारिश के बाद इन्द्रधनुष दिखाई देता है।
छवि: आकाश की छवि बहुत सुंदर लग रही है।
देखो: देखो, आसमान में इन्द्रधनुष निकला है।
सही/गलत
५.१. इन्द्रधनुष में कोई रंग नहीं होता।
५.२. इन्द्रधनुष में सात रंग होते हैं।
५.३. इन्द्रधनुष आकाश में होने वाली एक अद्भुत घटना है।
५.४. जाड़े के मौसम में इन्द्रधनुष दिखाई देता है।
‘ईला’ जोड़कर शब्द बनाओ
रस + ईला = रसीला
जहर + ईला = जहरीला
सुर + ईला = सुरीला
खर्च + ईला = खर्चीला
नशा + ईला = नशीला
रंग भरो (उत्तर)
- सेब का रंग लाल है।
- नींबू का रंग पीला है।
- सूरजमुखी का रंग पीला है।
- पेड़ के पत्तों का रंग हरा है।
- आसमान नीला दिखाई देता है।
- मुझे लाल रंग बहुत पसंद है।
- बैंगन का रंग बैंगनी है।
जोड़ी मिलाओ
धरती – भूरी
आसमान – नीला
पत्ता – हरा
उगता सूरज – लाल
बहुवचन
मौठा → मौठे
तारा → तारे
पेड़ → पेड़
नदी → नदियाँ
वाक्य बनाओ
फूल: बगीचे में सुंदर फूल खिले हैं।
दिशा: चाँद हमें दिशा दिखाता है।
नभ: नभ में इन्द्रधनुष दिखाई देता है।
प्रश्न: उसने एक कठिन प्रश्न पूछा।
रात: रात में चाँद निकलता है।
१०. खाली स्थान भरो
१०.१ सूरज दिन को सोने जैसा चमकता है।
१०.२ नदियाँ हमारी प्यास बुझाती हैं।
१०.३ झरनों का पानी मीठा होता है।
१०.५ आकाश में इन्द्रधनुष दिखाई देता है।
११. पंक्तियाँ लिखो
हरियाली फैलाने वाली पंक्ति: “अगर न होते पेड़, भला फिर हरियाली फैलाता कौन?”
दिशा दिखाने वाली पंक्ति: “अगर न होता चाँद, रात में हमको दिशा दिखाता कौन?”
१३. भावार्थ
उत्तर:
यदि नदियाँ न होतीं तो हमारी प्यास कौन बुझाता और यदि पर्वत न होते तो मीठे झरने कैसे बहते।
१७. विशेषण-विशेष्य
गोल → गेंद
ऊँचा → पर्वत
मुसकाता → चेहरा
कठिन → प्रश्न
चमकता → सूरज
मीठे → फल
काला → बादल
हरी → घास
१८. शुद्ध वाक्य
१८.१ नदी बहती है।
१८.२ चाँद चमकता है।
१८.३ पेड़ हरियाली फैलाते हैं।
१९. ‘सूरज’ पर वाक्य
सूरज हमें प्रकाश और गर्मी देता है।
यह सुबह उगता है और शाम को ढल जाता है।
सूरज के बिना जीवन संभव नहीं है।
notice :”अगर न होता चाँद रात में “पाठ class -4 का है। इस article लिखने के लिए हमने west bengal sylabus के पाठबहार पुस्तक का help लिए। हमारा उद्देश्य केवल छात्रों को शिक्षित करना है। Google से गुजारिश है हमारे post को रैंक करे और छात्रों को शिक्षित करने में हमारी मदद करे।





